कोरोना वायरस के प्रकोप में, हम औरतें कैसे, इस मुश्किल का सामना करते हुए भी, एक दूसरे का समर्थन कर सकती हैं?  जानने के लिए चेक करें हमारी स्पेशल फीड!

हमेशा पत्नी अपने पति के नाम से जानी जाती है लेकिन…

हम सब एक ढोंगी समाज का हिस्सा हैं। बगुलाभगत तो यहां इतने हैं गिनती कर कर के थक जाएंगे... लेकिन इनकी गिनती कम नहीं होगी...

हम सब एक ढोंगी समाज का हिस्सा हैं। बगुलाभगत तो यहां इतने हैं गिनती कर कर के थक जाएंगे… लेकिन इनकी गिनती कम नहीं होगी…

इस साल के जून के अंत से लेकर और जुलाई के इस दिन तक औरतों के साथ दोगले व्यवहार के इतने वृतांत सामने आए हैं कि मैं हैरान हूं कि क्या हम अपने आप को सभ्य समाज कहते हैं या कह सकते हैं?

एक 19 साल की लड़की जो कि इस आयु में विवाहित है, अपने पति से खुश नहीं है और घरेलू हिंसा के रहते अपने मायके लौट जाती है तो उसे खुद का परिवार जिसमें उसका पिता भी शामिल है बालों से घसीटते हैं पेड़ से बांधकर छड़ी से सरेआम मारा जाता है… लोग उसका वीडियो बनाकर वायरल करते हैं कोई लड़की को बचाने या उन लोगों को समझाने के लिए आगे नहीं आता।

कुछ दिन बाद दो महिलाओं को उन्हीं के परिवार वाले मोबाइल पर बातचीत करता हुआ देखकर सरेआम पीटते हैं और उसका भी वीडियो बनाकर वायरल किया जाता है और इस बर्बरता के सब साक्षी बनते हैं।

इस समाज में जहां एक लड़की, बच्ची, महिला को सरेआम पीटना, बालों से घसीटना, पेड़ से बांधना लोग अपना मौलिक अधिकार समझते हो, सामाजिक न्याय देने की होड़ हो… मैं शर्मसार हूं कि मैं इस समाज का हिस्सा हूं… ये सड़ी गली पितृसत्तात्मक सोच का घिनौना रूप है।

महिला के रूप में जन्म लेने से समाज में आपकी कोई औकात नहीं है?

तो यहां इन दो वृत्तांत में हमने पाया, महिला के रूप में जन्म लेने से समाज में आपकी कोई औकात नहीं है, चलिए अब नजर डालते हैं दूसरे दो अन्य वृतांत पर जो बड़े शहरों में या आर्थिक तौर पर स्वाबलंबी महिलाएं हैं उनके साथ समाज का क्या रवैया है?

बॉलीवुड के बेहद चर्चित, हीरो के रोल में आने वाले एक बहुत बड़े अभिनेता के अपनी दूसरी पत्नी के साथ तलाक की खबरें आने लगी तो कुछ लोगों ने उनका नाम एक दूसरी अभिनेत्री से जोड़ते हुए तलाक के कारण की खोजबीन स्वयं ही चालू कर दी।

कुछ लोगों ने उनको रोल मॉडल की उपाधि दे डाली जो मैं आज तक समझ नहीं पाई कि अभिनेता केवल फिल्मों में अपना रोल कर रहे हैं समाज के लिए उन्होंने ऐसा क्या किया कि वो “रोल मॉडल” बन गए… और उन में पति पत्नी के तलाक के बीच में किसी दूसरी महिला का एंगल ढूंढ कर उस महिला (अभिनेत्री) को ट्रोल करने का किसी का क्या हक है?

Never miss a story from India's real women.

Register Now

तलाक जैसे गमगीन और दुख भरे निर्णय को लेने के लिए एक व्यक्ति किस दौर से गुजरता है इस बात की परवाह ना करते हुए लोगों ने इसको उपहास का कारण बना लिया… और दूसरी महिला का एंगल ढूंढना तो बहुत ही अनिवार्य है!

हमारे समाज में हमेशा पत्नी अपने पति के नाम से जानी जाती है लेकिन

और सबसे कमाल की बात है कि हमारे समाज में हमेशा पत्नी अपने पति के नाम से जानी जाती है लेकिन हमारे दूसरे वृत्तांत में ऐसा नहीं है क्योंकि यहां पत्नी पति से ज्यादा मशहूर है तो इसके लिए जब एक क्रिमिनल केस की जांच के दौरान मे एक मशहूर अभिनेत्री के पति को पुलिस ने कस्टडी में लिया… तो हर जगह न्यूज़ में पत्नी का नाम पति से पहले दिखाई दिया।

वाह जी वाह!!! ढोंग की भी कोई सीमा होती है या नहीं? यहां आपको महिला पुरुष से कमजोर होती है या पुरुष का नाम आगे चलना चाहिए याद नहीं आया अब आपकी पितृसत्तात्मक सोच का क्या हुआ? यहां क्यों की बीवी मशहूर और पैसे वाली है तो उसका नाम पति से पहले आ गया… महिला अभिनेत्री को टारगेट बना कर अश्लील मीम्स बनाना भी सोशल मीडिया पर रोचक कार्य हो जाता है।

मीडिया/न्यूज हो या सोशल मीडिया के मीम्स जब तक महिला का मजाक ना उड़े तब तक मजा कहां आता है?

कमाल की हाइपोक्रिसी है!!!

महिलाएं चाहे गरीब हो या अमीर हो शारीरिक या मानसिक प्रताड़ना देने का आपको हक किसने दिया है?

देश में कानून है उसे अपना काम करने दीजिए।

किसी भी देश में, किसी भी समाज में, किसी भी धर्म, जाति, प्रजाति में, जब जब महिला का सम्मान कम हुआ है समझ लीजिए उसके पतन का आरंभ हो चुका है।

अभी भी समय है अपनी दकियानूसी सोच से बाहर निकलिए और इंसान को इंसान समझिए बिना किसी लिंग भेद के…

नमस्कार!

टिप्पणी

About the Author

14 Posts
All Categories