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मैं अपने पति से लंबी थी और लोग हमारा मज़ाक उड़ाते थे, लेकिन…

बेटा वो समय ही ऐसा था। बेटियां अपने परिवार के निर्णय का प्रतिवाद नहीं करतीं थीं। वैसे भी मैं आत्मनिर्भर भी तो नहीं थी तुम्हारी तरह। उस पर मेरी ये लंबाई...

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अंतिम संस्कार करना लड़कियों का काम क्यों नहीं है…

"सही कहा सुजाता जी आपने, उमा यह नहीं कर सकती। लड़की अंतिम क्रिया करने लगी तो मरने वाले को मुक्ति कैसी मिलेगी?"

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सिंदूर, उनके साथ भी उनके बाद भी…

"चलो! मैंने सोचा था मिलकर बताऊंगी पर बात खुल ही गई तो बता देती हूं। वो मैं ही थी सौ प्रतिशत मैं और मैंने सोलह श्रृंगार भी किया हुआ था।"

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अगर बेटी बेटा बन सकती है तो बेटा भी बेटी बन सकता है…

“जब आपका बेटा था तो आपने मुझे रसोई और घर में झोंक दिया और जब वो चला गया तो मुझसे नौकरी करने को कह रहे हैं? क्या चाहते हैं आप मेरे से?"

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क्यों समाज पुरूष के शादीशुदा होने पर नही मांगता कोई प्रमाण

औरत मांग में सिंदूर भरकर, अपने शादीशुदा होने का प्रमाण देती है। फिर समाज क्यों नही मांगता कोई, प्रमाण पुरूष के शादी शुदा होने पर।

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मैं कैकेयी, आज आपसे कुछ पूछना चाहती हूँ…

आपने अक्सर देखा होगा कि लोग अपने घरों में लड़कियों का नाम कौशल्या और सुमित्रा तो रखते हैं, लेकिन कोई कैकेयी नाम क्यों नहीं रखता?

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