कोरोना वायरस के प्रकोप में, हम औरतें कैसे, इस मुश्किल का सामना करते हुए भी, एक दूसरे का समर्थन कर सकती हैं?  जानने के लिए चेक करें हमारी स्पेशल फीड!

रंजनी श्रीमुख शांडिल्य

Occupation -Lawyer , Blogger, Author, Social activities, " If my view at any one person to intratect and understanding my inner surface how to I explained and why I explained this is too much for me" ((कोई भी बदलाव एक ही दिन नहीं होता, उसके लिए सदिया जगनी पड़ती है)) ।।रंजनी श्रीमुख शांडिल्य।।

Voice of रंजनी श्रीमुख शांडिल्य

डिअर ज़िन्दगी…

टुकड़े टुकड़े में ही सही, सब कुछ तुम्हारे लिए ही व्यवस्थित किया है वैसे तो थोड़ा कम है लेकिन सब कुछ तेरे लिए सजा के रखा है।

टिप्पणी देखें ( 0 )
शादी के बाद मेरा मासिक धर्म ही मेरा सबसे बड़ा जुर्म बन गया था…

दर्द की सीमा या पैरामीटर होता तो कितना अच्छा होता, काश मैं उन सबको दर्द दिखा देती कि मैं झूठ नहीं थी। मेरे दर्द असिम और पीड़ा आसमान को छू रहे थे!

टिप्पणी देखें ( 0 )
कल्पना एक प्रेम की…

मैं कल्पना में उसकी तस्वीर साथ रखती हूँ, चलो आज मैं तुम सब से उसकी बात करती हूँ। चलो आज मैं उसे तुम सब पहचान करती हूँ...

टिप्पणी देखें ( 0 )
रंजनी हूँ! मैं, अब सिर्फ मैं हूँ

मैं रंजनी(आनंदित) हूँ, रजनी(रात)नहीं, मैं, अब सिर्फ मैं हूँ, किसी की अब मैं कोई प्रवंचना नहीं। मैं राही हूँ अपने ही मंज़िल का...

टिप्पणी देखें ( 0 )
स्त्री हूँ स्त्री, नहीं मैं किसी की जमीन जायदात…

यह स्त्री की बात है, नहीं किसी की जमीन जायदात है, है अधिकार हमें भी गरिमा से जीने का, इसमें भीख मांगने वाली क्या बात?

टिप्पणी देखें ( 0 )

Women In Corporate Allies 2020

अपना ईमेल पता दर्ज करें - हर हफ्ते हम आपको दिलचस्प लेख भेजेंगे!

Women In Corporate Allies 2020